17/07/2017
बंसन्त से होते बचपन के ये दिन
रोते-गाते हसते ये दिन
बारीस मे भिगते-भिगाते ये दिन
स्कूल से गौड़ लगाने के ये दिन
दादा के छड़ी छुपाने के ये दिन
दादी से कहानी सुनाते ये दिन
टीचर से मार खाने के ये दिन
मम्मी से बहाने बनाने के ये दिन
दोस्तो के बैग छिपाने के ये दिन
दुल्हन की तरह सरमाने के ये दिन
दोस्तो को गलती मे फसाने के ये दिन
हसते-गाते बजाते ये दिन
जिन्दगी मे पहचान बनाने के ये दिन
नये-नये सपने सजाने के ये दिन
बसन्त से होते बचपन के ये दिन
रोते-गाते हसते ये दिन
( चन्द्रकेश कुमार वर्मा )
Vill-po-kachani distt.singrauli mp
Mo.7999763674
बंसन्त से होते बचपन के ये दिन
रोते-गाते हसते ये दिन
बारीस मे भिगते-भिगाते ये दिन
स्कूल से गौड़ लगाने के ये दिन
दादा के छड़ी छुपाने के ये दिन
दादी से कहानी सुनाते ये दिन
टीचर से मार खाने के ये दिन
मम्मी से बहाने बनाने के ये दिन
दोस्तो के बैग छिपाने के ये दिन
दुल्हन की तरह सरमाने के ये दिन
दोस्तो को गलती मे फसाने के ये दिन
हसते-गाते बजाते ये दिन
जिन्दगी मे पहचान बनाने के ये दिन
नये-नये सपने सजाने के ये दिन
बसन्त से होते बचपन के ये दिन
रोते-गाते हसते ये दिन
( चन्द्रकेश कुमार वर्मा )
Vill-po-kachani distt.singrauli mp
Mo.7999763674
Nice kavita
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